Monday, March 25, 2019

4 चिनूक हेलिकॉप्टर मिले, धनोआ ने कहा- राफेल आया तो सीमा पर फटक नहीं पाएगा पाक

चंडीगढ़. अमेरिका से खरीदे गए चार चिनूक हेलिकॉप्टरों की पहली यूनिट सोमवार को वायुसेना के बेड़े में शामिल हो गई। इस सिलसिले में चंडीगढ़ में एक समारोह किया गया। इस मौके पर वायुसेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल बीएस धनोआ ने ने कहा- सुरक्षा को लेकर देश के सामने कई चुनौतियां हैं। वायुसेना को चिनूक की बहुत जरूरत थी, क्योंकि यह दुर्गम और अधिक ऊंचाई वाले इलाकों में यह भारी सामान ले जाने में सक्षम है। उन्होंने कहा- जिस दिन राफेल वायुसेना में शामिल हो गया, पाक सरहद पर फटक भी नहीं पाएगा।

17000 करोड़ रुपए में हुआ था सौदा
रविवार को 4 चिनूक हेलिकॉप्टर गुजरात में कच्छ के मुंद्रा एयरपोर्ट पहुंचे थे। भारत ने 2015 में अमेरिकी विमान निर्माता कंपनी बोइंग से 15 चिनूक हेलिकॉप्टर खरीदने का सौदा किया था। 2.5 अरब डॉलर (करीब 17 हजार करोड़ रुपए) के इस सौदे में 22 अपाचे हेलिकॉप्टर भी शामिल हैं।

इससे पहले अमेरिका के फिलाडेल्फिया में बोइंग ने इसी हफ्ते भारत को पहले चिनूक हेलिकॉप्टर की खेप आधिकारिक रूप से सौंप दी थी। डील के मुताबिक, इस साल के अंत तक भारत को सभी अपाचे और चिनूक हेलिकॉप्टर मिल जाएंगे। इससे वायुसेना की ताकत में काफी इजाफा होगा।

बोइंग के मुताबिक, अपाचे दुनिया के सबसे अच्छे लड़ाकू हेलिकॉप्टर माने जाते हैं। अमेरिकी सेना लंबे समय से अपाचे और चिनूक का इस्तेमाल कर रही है।

भारत अपाचे का इस्तेमाल करने वाला 14वां और चिनूक को इस्तेमाल करने वाला 19वां देश होगा। बोइंग ने 2018 में वायुसेना के पायलटों और फ्लाइट इंजीनियरों को चिनूक हेलिकॉप्टर उड़ाने की ट्रेनिंग भी दी थी।

बहरहाल, यहां से मैंने भाजपा दफ्तर की ओर रवानगी ली। यहां हथियारबंद पुलिसकर्मी दिखे। स्टाफ ने बताया कि यहां सुरक्षा की हर दिन की रिपोर्ट दिल्ली जाती है। 21 साल पहले 14 फरवरी के दिन आडवाणी की सभा से ठीक पहले यहां धमाके हुए थे। लोगों के दिमाग में उस घटना की दर्दनाक यादें अब भी बसी हुई हैं। हालांकि, सांप्रदायिकता को तमिलनाडु ने कभी मौका नहीं दिया। इसके बावजूद  दो साल पहले इस मुद्दे को दोबारा उभारने की कोशिश की गई थी। तब हिन्दू मुंनड़ी संगठन के नेता शशि कुमार की हत्या कर दी गई थी, काेयम्बटूर बंद हो गया था। यही वजह है कोयम्बूटर में एआईएडीएमके ने भाजपा को यह सीट दी है। विशेषज्ञ मानते हैं कि इस सीट का असर कोयम्बूटर के साथ-साथ तिरुपुर, डिंडीगल, पोलाची, मदुरई, शिवगंगा, रामनाथपुरम और थेनी सीट पर भी दिख सकता है। हालांकि कोयम्बटूर से सटे नीलगिरिस और इरोड में कामगारों के मुद्दे ज्यादा प्रभावी हैं।

राजनीतिक विशेषज्ञ सत्यमूर्थी कहते हैं भाजपा ने जैसे अयोध्या को धर्म की राजनीति का केन्द्र बना दिया, वैसा ही कोयम्बटूर में करे तो हैरत नहीं होगी। कोयम्बटूर में प्रदेश कांग्रेस कमेटी के सदस्य करुप्पू सामी ने बताया कि हिन्दू मुंनड़ी का असर कोयम्बटूर और इसके आसपास सात से आठ सीटों पर है। 1998 के ब्लास्ट के बाद से ये संगठन बहुत ज्यादा बड़ा हो गया है। हालांकि पूरे कोयम्बटूर में सिर्फ 10-15% ही अल्पसंख्यक हैं। भाजपा के जिलाध्यक्ष  सी आर नंदा कुमार भी इस बात काे स्वीकारते हैं सात-आठ सीटों पर हिन्दूवादी संगठन हिन्दू मुंदड़ी बहुत मजबूत है और इन लोकसभा क्षेत्रों में सांप्रदायिकता मुद्दा अंडर करंट है। हालांकि भारतीय जनता पार्टी सिर्फ और सिर्फ विकास के मुद्दे पर चुनाव लड़ेगी।

उधर, कोयम्बटूर के ऊपरी हिस्से में नीलगिरिस लोकसभा क्षेत्र है। यहां चाय की पत्ती का सही दाम न मिलना बड़ा मुद्दा रहा है। यहां 40% परिवार चाय के धंधे से जुड़े हैं। एंटीइंकम्बेंसी एआईएडीएमके को नुकसान दे सकती है। उधर, इरोड सीट का पूरा क्षेत्र उद्योगों पर आधारित है। करीब 50 हजार से ज्यादा छोटे-बड़े उ‌‌द्योग हैं। नोटबंदी और जीएसटी के बाद करीब 70% उद्योगों पर इसका सीधा असर पड़ा है। यह भाजपा-एआईएडीएमके को नुकसान पहुंचा सकता है। वक्त पर सैलरी न मिलना, और कुछ छोटे उद्योगों के बंद होने के का मुद्दा एआईएडीएमके और भाजपा गठबंधन के लिए दिक्कत दे सकता है। इन दोनों ही जगहों से एआईएडीमके अपने उम्मीदवार उतार रही है।

Monday, March 18, 2019

दो साल से यौन उत्पीड़न कर रहा था संपादक, ट्रेनी ने मार डाला

मुंबई की एक मासिक समाचार पत्रिका इंडिया अनबाउंड के संपादक की बेरहमी से हत्या कर दी गई. वह 15 मार्च से लापता थे. तभी उनके लापता होने की शिकायत संबंधित थाने में दर्ज कराई गई थी. इस मामला खुलासा करते हुए पुलिस ने एक ट्रेनी पत्रकार और मैगजीन के प्रिंटर को गिरफ्तार कर लिया है. मामला यौन शोषण का बताया जा रहा है.

ठाणे ग्रामीण पुलिस के मुताबिक मृतक संपादक की पहचान नित्यानंद पांडे के रूप में की गई है. जिनका शव रविवार को विघटित अवस्था में बरामद किया गया था. पुलिस ने मामले की छानबीन के बाद संपादक की 24 वर्षीय सहायक और सहकर्मी अंकिता मिश्रा से पूछताछ की. पहले उसने इस मामले में कुछ भी कहने से इनकार कर दिया था.

लेकिन जब पुलिस ने सख्ती से पूछताछ की तो पूरा मामला खुलकर सामने आ गया. अंकिता ने हत्या और संपादक के बारे में पुलिस को विस्तार से बता दिया. अंकिता ने खुलासा करते हुए बताया कि उसके संपादक नित्यानंद पांडे पिछले दो सालों से लगातार उसका यौन उत्पीड़न कर रहे थे. उसे परेशान कर रहे थे.

अंकिता के मुताबिक वो बार-बार ऐसा करने से संपादक को रोकती थी लेकिन वो नहीं माने. इसके बाद अंकिता ने मैगजीन के प्रिंटर सतीश मिश्रा के साथ मिलकर संपादक पांडे से छुटकारा पाने की योजना बनाई. इसी के चलते शुक्रवार को अंकिता अपने संपादक को एक संपत्ति दिखाने के बहाने सुनसान जगह पर ले गई.

जहां उसने नित्यानंद पांडे को एक मसालेदार ड्रिंक पिला दिया. उसे पीने का बाद पांडे बेहोश हो गए. तब अंकिता और मैगजीन के प्रिंटर सतीश ने गला घोंटकर उनकी हत्या कर दी. फिर दोनों उनकी लाश को भिवंडी के एक सुनसान इलाके में फेंक कर फरार हो गए.

बताया जाता है कि नित्यानंद पांडे मुंबई और ठाणे जिलों के उन पत्रकारों में से एक थे, जिन्होंने भव्य जीवन व्यतीत किया. जिनके संबंध ज्यादातर नौकरशाहों और राजनेताओं से थे. वे शानदार महंगी कारें चलाते थे. पांडे ने अपनी मैगजीन को कई सरकारी विज्ञापन भी दिलाए थे.

बता दें कि मनोहर पर्रिकर का 63 साल की उम्र में रविवार को निधन हो गया है. वो पिछले एक साल कैंसर से जूझ रहे थे. कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने मंच पर मौजूद नेताओं के साथ मनोहर पर्रिकर को याद किया. वहां उन्होंने रैली को संबोधित करने से पहले गोवा सीएम के लिए दो मिनट का मौन रखा. मौन रखकर कांग्रेस अध्यक्ष ने बड़ा संदेश देने की कोशिश की है.

कलबुर्गी लोकसभा सीट पर तीसरे चरण में 23 अप्रैल को मतदान होगा और इस सीट से लोकसभा में कांग्रेस के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे चुनावी मैदान में उतर सकते हैं. कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने खड़गे के संसदीय सीट से कर्नाटक में चुनावी अभियान की शुरुआत की है.

इस दौरान वे गुलबर्गा में परिवर्तन रैली को संबोधित करते हुए केंद्र की मोदी सरकार को निशाने पर लिया. इसके साथ उन्होंने कर्नाटक में कांग्रेस-जेडीएस गठबंधन सरकार की उपलब्धियों का जिक्र किया. राहुल कर्नाटक दौरे पर बेंगलुरु में उद्यमियों के साथ संवाद भी करेंगे.

बता दें कि मनोहर पर्रिकर के बीमारी के दौरान कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने गोवा जाकर उनसे मुलाकात भी की थी. राहुल गांधी ने रविवार को ट्वीट करके कहा था 'गोवा के मुख्यमंत्री मनोहर पर्रिकर के निधन की सूचना से मैं बहुत दुखी हूं. वह एक साल तक पूरे साहस से अपनी बीमारी से लड़ते रहे. दलगत राजनीति से इतर सभी उनका मान-सम्मान करते थे और वह गोवा के सबसे लोकप्रिय लोगों में से एक थे. दुख की इस घड़ी में मेरी संवेदनाएं उनके परिजन के साथ हैं.'

Friday, March 15, 2019

मसूद के खिलाफ 21 देश भारत के साथ, 2009 में यूपीए के वक्त अकेला था भारत- सुषमा

नई दिल्ली. मसूद को वैश्विक आतंकी घोषित करने के प्रस्ताव पर सुषमा स्वराज ने बयान दिया कि यूपीए के वक्त मसूद पर प्रस्ताव पेश करने वाला भारत अकेला देश था। 2019 में इस प्रस्ताव को ब्रिटेन, फ्रांस और अमेरिका ने पेश किया। इन्हें मिलाकर 21 देशों ने इसे समर्थन दिया। इस बीच, फ्रांस सरकार ने जैश-ए-मोहम्मद के सरगना मसूद अजहर की संपत्तियां जब्त करने का फैसला लिया। इससे पहले फ्रांस, अमेरिका और ब्रिटेन ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (यूएनएचसी) में मसूद को वैश्विक आतंकी घोषित करने के लिए प्रस्ताव पेश किया था, लेकिन चीन ने चौथी बार इस पर अड़ंगा लगा दिया। मसूद अजहर पाकिस्तान में है और 14 फरवरी को पुलवामा में सीआरपीएफ के काफिले पर हुए फिदायीन हमले का दोषी है।

चीन ने बुधवार रात प्रस्ताव में तकनीकी खामी बताकर इसे रोका। उसने कहा था कि वह बिना सबूताें के कार्रवाई के खिलाफ है। जबकि 10 से अधिक देशों ने इस प्रस्ताव का समर्थन किया था। मसूद के मामले में चीन के विरोध पर भारत के बाद अमेरिकी ने भी निराशा जताई। अमेरिकी सांसद इलियट एंजेल ने कहा कि चीन और पाकिस्तान को अपने अंतरराष्ट्रीय दायित्व पूरे करने का पर्याप्त मौका मिला है।

चीन के प्रयासों से कामयाबी नहीं मिल रही: अमेरिका

इससे पहले अमेरिकी विदेश विभाग के उपप्रवक्ता रॉबर्ट पलाडिनो ने कहा था कि मसूद अजहर वैश्विक आतंकी घोषित करने के संयुक्त राष्ट्र के दायरे में आता है। अमेरिका और चीन क्षेत्रीय स्थायित्व और शांति लाना चाहते हैं। लेकिन मसूद को आतंकी घोषित करने के प्रयासों को नाकाम करने से यह लक्ष्य हासिल नहीं हो पा रहा। जैश भारत में कई हमलों के लिए जिम्मेदार है। उससे क्षेत्रीय स्थायित्व और शांति के लिए खतरा है।

फ्रांस, अमेरिका और ब्रिटेन ने तीसरी बार दिया भारत का साथ
2009 : भारत ने मसूद को वैश्विक आतंकी घोषित करने के लिए पहली बार यूएन में प्रस्ताव दिया था।
2016 : भारत ने एक बार फिर अमेरिका, यूके और फ्रांस (पी-3) के साथ मिलकर अजहर पर प्रतिबंध लगाने का प्रस्ताव दिया। प्रस्ताव में कहा गया कि जनवरी 2016 में पठानकोट एयरबेस पर हमले का मास्टरमाइंड अजहर ही था।
2017 : पी-3 राष्ट्रों ने एक बार फिर संयुक्त राष्ट्र में मसूद को ग्लोबल टेररिस्ट घोषित करने के लिए प्रस्ताव दिया।

भारत में कई हमलों का जिम्मेदार है मसूद

मसूद अजहर भारत में कई बार आतंकी हमलों को साजिश रचने के साथ उन्हें अंजाम दे चुका है। वह 2001 में संसद पर हुए हमले का भी दोषी है। इस दौरान नौ सुरक्षाकर्मियों की जान गई थी। इसके अलावा जनवरी 2016 में जैश के आतंकियों ने पंजाब के पठानकोट एयरबेस और इसी साल सितंबर में उरी में सेना के हेडक्वार्टर पर हमला किया था।

लोकसभा चुनाव के पहले चरण के मतदान में अब कुछ ही दिन बचे हैं. ऐसे में हर पार्टी अपने उम्मीदवारों की लिस्ट जारी कर रही है. भारतीय जनता पार्टी भी शनिवार को अपनी लिस्ट जारी कर सकती है. भारतीय जनता पार्टी अपनी पहली लिस्ट में ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की संसदीय सीट का ऐलान कर सकती है. 2014 में पीएम मोदी ने वाराणसी से चुनाव लड़ा था और प्रधानमंत्री के पद पर सवार हुए थे.

शनिवार शाम चार बजे भारतीय जनता पार्टी की बड़ी बैठक होगी. बीजेपी केंद्रीय चुनाव आयोग समिति की होने वाली इस बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी शामिल होंगे. उम्मीद जताई जा रही है कि भारतीय जनता पार्टी शनिवार को ही 100 उम्मीदवारों की लिस्ट जारी कर सकती है.

बताया जा रहा है कि इस लिस्ट में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री राजनाथ सिंह, केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी, केंद्रीय मंत्री सदानंद गौड़ा, राधामोहन सिंह की सीटों का ऐलान हो सकता है.

आपको बता दें कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अभी वाराणसी से सांसद हैं, बीते दिनों ऐसी अटकलें थीं कि वह ओडिशा की पुरी लोकसभा सीट से भी चुनाव लड़ सकते हैं.

हालांकि, किसी तरह की पुष्टि नहीं हो पाई थी. 2014 में प्रधानमंत्री ने वाराणसी के अलावा गुजरात के वडोदरा से भी चुनाव लड़ा था और दोनों सीटों पर जीत दर्ज की थी. हालांकि, बाद में उन्होंने वडोदरा सीट को छोड़ दिया था.

Monday, March 11, 2019

सेना ने कहा- 21 दिन में 18 आतंकी मारे, इनमें पुलवामा हमले का मास्टरमाइंड मुदासिर भी शामिल

श्रीनगर. पुलवामा में सीआरपीएफ पर फिदायीन हमले के बाद सुरक्षाबलों ने 21 दिन में कश्मीर घाटी के 18 आतंकियों को मार गिराया। त्राल में हुई मुठभेड़ में रविवार को जैश-ए-मोहम्मद के तीन आतंकी मारे गए। इनमें हमले का मास्टरमाइंड मुदासिर अहमद खान (23) और कामरान शामिल हैं। एक आतंकी खादिल पाकिस्तानी था। मुदासिर ने जवानों पर हमले के लिए गाड़ी और विस्फोटक जुटाया था।

प्रेस कॉन्फ्रेंस में सेना के लेफ्टिनेंट जनरल रणबीर सिंह ने बताया कि मारे गए 18 आतंकियों में 14 जैश-ए-मोहम्मद से ताल्लुक रखते थे। इनमें से 8 पाकिस्तानी थे। जनवरी से अब तक 70 दिन में 44 आतंकियों को मारा गया। सीआरपीएफ के आईजी जुल्फिकार हसन ने कहा कि हम घाटी में जैश के खात्मे के करीब हैं, लेकिन अभी काम पूरा नहीं हुआ है। आतंकियों की भर्ती में कमी आई है, उनके मददगारों को भी पकड़ा जा रहा है।

सुरक्षाबलों ने घर को विस्फोट से उड़ाया

पुलिस अधिकारियों ने बताया कि त्राल इलाके के पिंगलिश गांव में आतंकियों के छिपे होने की सूचना के बाद सुरक्षाबलों ने रविवार को तलाशी अभियान शुरू किया था। इसी दौरान एक घर में छिपे आतंकियों ने जवानों पर फायरिंग की। सुरक्षाबलों ने देर रात घर को विस्फोट से उड़ा दिया। सोमवार सुबह तीनों आतंकियों के शव मिले। उनके पास से भारी मात्रा में गोला-बारूद भी बरामद हुआ।

इलेक्ट्रीशियन था आतंकी मुदासिर

एनआईए के अधिकारियों ने बताया कि 14 फरवरी को सीआरपीएफ पर हमले से पहले मुदासिर लगातार फिदायीन आदिल अहमद डार के संपर्क में था। इस हमले में 40 जवान शहीद हुए थे। मुदासिर ग्रेजुएशन और इलेक्ट्रीशियन का डिप्लोमा कर चुका था। वह 2017 में अजहर मसूद के आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद से जुड़ा था। फिलहाल, आतंकी संगठन का कमांडर था। मुदासिर फरवरी 2018 में आर्मी कैंप पर हुए हमले में भी शामिल रहा था।

हमले में इस्तेमाल हुई थी मारूति ईको
एनआईए के मुताबिक, सीआरपीएफ पर हमले के लिए आतंकियों ने एक मारूति ईको कार का इस्तेमाल किया था। जैश के आतंकी सज्जाद भट ने हमले से 10 दिन पहले ही यह कार खरीदी थी। सज्जाद हमले के बाद से फरार है। एनआईए की टीम ने पिछले महीने सज्जाद और मुदासिर के घर पर छापेमारी की थी।

Tuesday, March 5, 2019

स्टेशन पर नहीं रोकी ट्रेन, लोको पायलट को मिली जिंदगी भर इंजन चलाने की सजा

राजस्थान के खाटू स्टेशन पर ट्रेन नहीं रोकना दो लोको पायलट को इतना महंगा पड़ गया कि रेलवे ने दोनों को जिंदगी भर सिर्फ इंजन चलाने की सजा दी है. दरअसल, 25 फरवरी को ट्रेन संख्या 22481 जोधपुर से रवाना हुई थी. इस ट्रेन को लोको पायलट अब्दुल वहीद व सहायक पायलट ओमकार कटारिया चला रहे थे.

तय समय के अनुसार वो ट्रेन लेकर रात 9:30 बजे डेगाना से निकले. अगला स्टॉप छोटी खाटू स्टेशन था. यहां कई यात्री ट्रेन का इंतजार कर रहे थे. जबकि कुछ पैसेंजर्स को ट्रेन से उतरना भी था. लेकिन स्टेशन पर रुकने के बजाय ट्रेन 100 की रफ्तार से दनदनाती हुई निकल गई.

करीब 10 किमी दूर जाने पर लोको पायलट को कुछ गड़बड़ी समझ आई तो उन्होंने ट्रेन रोकी. तब जाकर उन्हें पता लगा कि वो छोटी खाटू स्टेशन पीछे छोड़ चुके हैं जहां उनका स्टॉपेज था. गलती का एहसास होने पर गार्ड और लोको पायलट ने ट्रेन को करीब 10 किमी पीछे लिया. बाद में यात्रियों को लेकर ट्रेन आगे बढ़ी.

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केवल इंजन चलाएंगे लोको पायलट...

इस गलती के सामने आने पर रेलवे ने जांच बैठाकर लोको पायलट अब्दुल वहीद और सहायक पायलट ओमकार कटारिया को केवल इंजन चलाने और खाली ट्रेनों की शंटिंग करवाने की सजा दी है. अब दोनों लोको पायलट जीवन भर पैसेंजर ट्रेन नहीं चला सकेंगे.

नहीं है सिग्नल व्यवस्था...

रेलवे अधिकारियों का कहना है कि खाटू हॉल्ट स्टेशन है. इस कारण यहां ना तो सिग्नल व्यवस्था है और ना ही कोई रेलवे कर्मचारी तैनात है. इसलिए स्टेशन आने से पहले ट्रेन को धीमे कर स्टेशन पर रोकने की जिम्मेदारी लोको पायलट व सहायक लोको पायलट की ही होती है, लेकिन दोनों ट्रेन को रोकने के बजाय 100 की रफ्तार से पार कर गए.

कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह मंगलवार को पीएम नरेंद्र मोदी से कई सवाल पूछा. उन्होंने कहा कि प्रधान मंत्री जी आपकी सरकार के कुछ मंत्री कहते हैं 300 आतंकवादी मारे गए. भाजपा अध्यक्ष कहते हैं 250 मारे हैं, योगी आदित्यनाथ कहते हैं 400 मारे गये और आपके मंत्री SS Ahluwalia कहते एक भी नहीं मरा. और आप इस विषय में मौन हैं. देश जानना चाहता है कि इसमें झूठा कौन है.

आपको बता दें कि पाकिस्तान की सेना ने विंग कमांडर अभिनंदन वर्धमान के कुछ वीडियो जारी किए थे. इसमें उन्होंने पाकिस्तानी सेना की तारीफ की थी और कहा था कि भारत की मीडिया हर बात को बड़ा चढ़ाकर पेश करती है. करीब डेढ़ मिनट के वीडियो में करीब 20 कट्स थे.

तब भी पाकिस्तान के इस वीडियो का तब भी भारत के लोगों ने कड़ा जवाब दिया था. भारत सरकार की ओर से भी पाकिस्तानी करतूत की आलोचना की गई थी.

पाकिस्तान की पनाह में बैठकर आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद भारत के खिलाफ साजिश रचता है. ऐसा ही एक पाक परस्त आतंकी संगठन ईरान में भी सक्रिय है, जिसका नाम है जैश-अल-अदल. ये पाकिस्तान के सिस्तान बलूचिस्तान प्रांत में सक्रिय एक सलाफ़ी जिहादी आतंकवादी संगठन है. जो ईरान में कई हमलों को अंजाम दे चुका है.

मध्य प्रदेश विधानसभा चुनाव में हार से सबक लेते हुए भारतीय जनता पार्टी लोकसभा चुनाव से ऐन पहले अपने किले को दुरुस्त करने में जुट गई है. प्रदेश में  दो दशक के बाद पहली बार आदिवासी वोट बैंक बीजेपी के हाथों से फिसला है. ऐसे में अनुसूचित जनजाति के लिए आरक्षित लोकसभा सीटों पर बीजेपी को कड़ी चुनौती मिल रही है. ऐसे में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सूबे के धार में रैली के जरिए आदिवासियों को साधने के लिए आज उतर रहे हैं.

بالضحك والسخرية: كيف ساهمت الكوميديا في التخفيف من ضغوط فيروس كورونا؟

ربما تتلخص العلاقة الأزلية بين كوميدية وتراجيدية الحياة في إحدى المقولات ائيس الاباحية الجنس & أنيل الجنس جمع الأمريكي، مايك بنس، بزي...